इतालवी माफिया के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई

इटली का दक्षिणी भाग बड़े माफिया संगठनों का गढ़ माना जाता है. अपनी ताजा कार्रवाई में इटली पुलिस ने एक माफिया संगठन से जुड़े तकरीबन 90 लोगों को गिरफ्तार किया है.

इटली पुलिस ने दर्जनों लोगों को इटली, नीदरलैंड्स, जर्मनी, बेल्जियम और दक्षिण अमेरिका के कई देशों से गिरफ्तार किया है. इटली के एंद्रागेता माफिया गुट के खिलाफ छेड़े गए इस बड़े ऑपरेशन में इटली पुलिस ने देश के दक्षिण में बसे लॉक्री शहर में इस संगठन से जुटे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की.

एंद्रागता एक ग्रीक शब्द है जिसका अर्थ होता है "वीरता." लॉक्री इटली के कलाबारिया प्रांत में स्थित है. विकास में पीछे रहे पहाड़ी प्रांत कलाबारिया में सक्रिय रहे एंद्रागता आपराधिक गुट को कई गांवों और परिवार-आधारित कुलों का समर्थन रहा है. कलाबारिया को दुनिया भर के माफिया संगठनों का गढ़ माना जाता है.

इटली के दक्षिणी हिस्से में माफिया संगठन काफी सक्रिय रहे हैं. इनके खिलाफ छेड़ी गई मुहिम में बड़े स्तर पर इटली का साथ जर्मन, बेल्जियम और डच प्रशासन दे रहा है. 

अपराध

10. रूस

काला बाजार: 49.09 अरब डॉलर

अपराध

09. यूके

काला बाजार: 61.96 अरब डॉलर

अपराध

08. भारत

काला बाजार: 98.59 अरब डॉलर

अपराध

07. कनाडा

काला बाजार: 77.83 अरब डॉलर

अपराध

06. जापान

काला बाजार: 108.30 अरब डॉलर

अपराध

05. इटली

काला बाजार: 110.05 अरब डॉलर

अपराध

04. स्पेन

काला बाजार: 124.06 अरब डॉलर

अपराध

03. मेक्सिको

काला बाजार: 126.08 अरब डॉलर

अपराध

02. चीन

काला बाजार: 261 अरब डॉलर

अपराध

01. अमेरिका

काला बाजार: 625.63 अरब डॉलर

इतालवी पुलिस और जांच एजेंसी यूरोजस्ट के मुताबिक गिरफ्तार किए गए लोगों पर कोकीन तस्करी, मनी लॉड्रिंग, रिश्वत और हिंसा जैसे कई आरोप हैं. यूरोजस्ट एक यूरोपीय एजेंसी है जो आपराधिक जांच में न्यायिक सहयोग की निगरानी करती है. एजेंसी ने फिलहाल सिर्फ गिरफ्तारी और आरोपियों के पास से सामान जब्त किए जाने की बात कही है. वहीं पुलिस ने अब तक 90 गिरफ्तारियों की बात कही है और साथ ही ये भी बताया कि कुछ गिरफ्तारियां दक्षिण अमेरिकी देशों में हुई हैं.

एंद्रागता इटली के तीन बड़े माफिया संगठनों में से एक है. इसके अलावा इटली के ही कंपानिया प्रांत के नेपल्स वाले इलाके में 'कैमरोरा' और सिसली में 'कोसा नोस्ट्रा' जैसे माफिया संगठन सक्रिय हैं. इस ऑपरेशन के कुछ ही दिन पहले इतावली 'कोसा नोस्ट्रा' गुट के नए नेता और इससे जुड़े 45 अन्य लोगों को गिरफ्तार किया था.

अपराध

गाड़ियों की चोरी

उत्तर प्रदेश के मेरठ, मुजफ्फरनगर गाड़ियों की चोरी के लिए बदनाम हैं. उत्तर भारत के कई शहरों से चोरी हुई गाड़ियां इन्हीं शहरों में ही काट पीटकर बेची जाती हैं.

अपराध

हत्या

सुपारी लेकर हत्या करने जैसे अपराधों के मामले में उत्तर प्रदेश के इटावा और बुलंदशहर कुख्यात हैं. बिहार के बेगूसराय जिले से भी कई गैंगस्टर निकले हैं. कर्नाटक का बेल्लारी भी ऐसे अपराधों के लिए बदनाम होता रहता है.

अपराध

कार्ड फर्जीवाड़ा

वोटर आईडी और पैन कार्ड की धांधली के ज्यादातर मामले हैदराबाद से शुरू होते हैं. हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस की जांच में इस बात का पता चला.

अपराध

लूट पाट, डकैती

मध्य प्रदेश और राजस्थान के बीच बसा चंबल का इलाका आज भी लूट पाट और डकैती के लिए बदनाम है. वहां की कई सड़कों पर आज भी रात में लोग अकेले गाड़ी चलाने से घबराते हैं.

अपराध

आईटी फ्रॉड

बेंगलुरू में दुनिया भर की कंपनियों के लिए सॉफ्टवेयर बनते हैं और वहीं से खूब हैकिंग भी होती है.

अपराध

बलात्कार

इस मामले में देश की राजधानी सबसे बदनाम है. दिल्ली की छवि ऐसी बन चुकी हैं कि भारत घूमने जाने वाली विदेशी महिलाएं भी दिल्ली के नाम से थरथराती हैं.

अपराध

अपहरण

इसके लिए बिहार बदनाम है. हालांकि बीते बरसों में वहां अपहरण की वारदातों में काफी कमी आई है. लेकिन अभी भी बीच बीच में अपहरण के कुछ मामले सामने आ ही जाते हैं.

अपराध

प्रॉपर्टी विवाद

दिल्ली से सटे गुरुग्राम (गुड़गांव) और ग्रेटर नोएडा प्रॉपर्टी के विवादों के लिए कुख्यात हैं. वहां रियल स्टेट का काम करने वाले गुटों में संघर्ष भी लगा रहता है.

अपराध

कोयला माफिया

कोयला की कालिख ने झारखंड के धनबाद शहर को बदनाम किया. कोल ब्लॉक आवंटन के बाद हालात कुछ सुधरे, लेकिन अब भी वहां माफिया की जंग छिड़ी रहती है.

अपराध

वन्य जीव तस्करी

वन्य जीवों की खाल और जड़ी बूटियों के तस्कर उत्तराखंड में खासे सक्रिय रहते हैं. हर साल उत्तराखंड में कीड़ा जड़ी और तेंदुओं की खाल के साथ तस्करों के पकड़े जाने के मामले सामने आते हैं.

अपराध

चरस, अफीम

हिमाचल प्रदेश में कुल्लू-मनाली की हसीन वादियों को चरस के लिए भी जाना जाता है. कई युवा वहां चरस की खातिर भी पहुंचते हैं. वहीं राजस्थान के बाड़मेर और मध्य प्रदेश के नीमच और मनसौर को अफीम की काला बाजारी भी होती है.

अपराध

नकल

नकल के लिए बिहार बदनाम है. हर साल वहां से बड़े स्तर पर नकल की खबरें आ ही जाती हैं. साथ ही राज्य टॉप करने वालों पर भी फर्जीवाड़े के केस चलने आम हो चुके हैं.