भारत ने हमारे दो सैनिक मार दिए: पाक सेना

कश्मीर में भारत-पाक सीमा पर देर रात गोलीबारी हुई जिसमें दो पाक सैनिक मारे गए. पाकिस्तानी सेना ने यह सूचना दी है.

पाकिस्तानी सेना का कहना है कि भारत ने देर रात सीमा पर फायरिंग करके उसके दो सैनिकों को मार गिराया है. पाकिस्तानी सेना की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि भारत और पाकिस्तान के सैनिकों के बीच कश्मीर में लाइन ऑफ कंट्रोल पर फायरिंग हुई. इस फायरिंग में कम से कम दो पाक सैनिक मारे गए.

पाकिस्तानी सेना की इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस विंग ने यह जानकारी सार्वजनिक की है. सूचना में कहा गया है कि गोलीबारी पाक समय के अनुसार रात करीब ढाई बजे शुरू हुई और सुबह 8 बजे तक जारी रही. बयान में दावा किया गया कि भारतीय सेना ने बिना किसी उकसावे के फायरिंग शुरू की. लिखित बयान में कहा गया, "भारत ने (पाकिस्तानी कश्मीर के) भिंबर, केल और लीपा सेक्टरों में बिना किसी उकसावे के फायरिंग की जिसका पाकिस्तानी सेना ने करारा जवाब दिया."

उधर भारत का कहना है कि पहले गोलीबारी पाकिस्तान की ओर से की गई. एक अफसर ने नाम ना छापने की शर्त पर बताया, "नौगाम सेक्टर में पाक सैनिकों ने आधी रात को हमारी चौकियों पर फायरिंग की. उन्होंने मोर्टार भी दागे. हमने जवाबी फायरिंग की." भारत के किसी सैनिक के हताहत होने की खबर नहीं है.

तस्वीरों में: ये हैं बिना सेना के देश

बिना सेना वाले देश

कोस्टा रिका

मध्य अमेरिकी देश कोस्टा रिका में सेना नहीं है. 1948 में राष्ट्रपति चुनावों में धांधली के खिलाफ हुए जनविद्रोह के साथ विद्रोहियों ने सत्ता पर कब्जा कर लिया और नया संविधान बनाया. नए संविधान में सेना को समाप्त कर दिया गया. 1953 से देश में 14 राष्ट्रपति चुनाव हो चुके हैं और सभी शांतिपूर्ण रहे हैं.

बिना सेना वाले देश

लिष्टेनश्टाइन

केंद्रीय यूरोप के इस छोटे से देश ने 1868 में अपनी सेना को भंग कर दिया. कारण आर्थिक थे. सेना बहुत महंगी हो गई थी. युद्ध के समय सेना बनाने की संभावना रही, लेकिन युद्ध कभी आया नहीं. लिष्टेनश्टाइन काले धन को लेकर चर्चा में रहता है. इस देश का प्रति व्यक्ति सकल घरेलू उत्पाद कतर के बाद दूसरे नंबर पर है.

बिना सेना वाले देश

समोआ

समोआ 1962 में न्यूजीलैंड की गुलामी से आजाद हुआ था. स्वतंत्रता के बाद से ही उसके पास कोई सेना नहीं है. 1962 की एक मैत्री संधि के अनुसार न्यूजीलैंड ने जरूरत पड़ने पर उसकी सुरक्षा का आश्वासन दिया है. पश्चिमी समोआ द्वीप समूह से बना देश पोलेनेशिया का हिस्सा है. भारत प्रशांत के द्वीप राज्यों के साथ निकट सहयोग करता है.

बिना सेना वाले देश

अंडोरा

यूरोप में स्थित यह देश 1278 में बना. अंडोरा के पास अपनी सेना नहीं है लेकिन स्पेन और फ्रांस ने उसे जरूरत पड़ने पर सुरक्षा देने की गारंटी ली है. 468 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला अंडोरा अपने स्की रिजॉर्ट और ड्यूटी-फ्री दुकानों के लिए जाना जाता है. इसे टैक्स बचाने वालों का स्वर्ग भी माना जाता है.

बिना सेना वाले देश

तुवालू

2014 में बने भारत प्रशांत द्वीप सहयोग संगठन में समोआ और तुवालू भी हैं. 2015 में जयपुर में संगठन के 14 सदस्य देशों का सम्मेलन हुआ. तुवालू का क्षेत्रफल सिर्फ 26 वर्ग किलोमीटर है और वहां की आबादी 10,000 है. यह राष्ट्रकुल का सदस्य है और यहां संसदीय राजतंत्र है.

बिना सेना वाले देश

वैटिकन

इटली की राजधानी रोम में स्थित यह दुनिया का सबसे छोटा देश है. इस देश का क्षेत्रफल सिर्फ 0.44 वर्ग किलोमीटर है और आबादी है 840. इस तरह से सबसे कम आबादी वाला देश भी. यह कैथोलिक गिरजे का मुख्यालय है जहां गिरजे के प्रमुख पोप और चर्च के दूसरे अधिकारी रहते हैं.

बिना सेना वाले देश

ग्रेनेडा

एक बड़े द्वीप और छह छोटे छोटे द्वीपों से बने ग्रेनेडा का क्षेत्रफल 344 वर्ग किलोमीटर है और उसकी आबादी 105,000 है. ग्रेनेडा कैरिबिक और अटलांटिक के बीच स्थित है और इसे मसालों के लिए भी जाना जाता है. 1983 में सैनिक विद्रोह और अमेरिकी हस्तक्षेप के बाद से यहां नियमित सेना नहीं.

बिना सेना वाले देश

नाउरू

प्रशांत महासागर में स्थित द्वीप राष्ट्र 21.10 वर्ग किलोमीटर बडा़ है. इसकी आबादी करीब 10,000 है. नाउरू माइक्रोनेशिया के द्वीपों का हिस्सा है. ऑस्ट्रेलिया के साथ हुए एक समझौते के तहत नाउरू की सुरक्षा की जिम्मेदारी ऑस्ट्रेलिया ने ली है.

भारतीय कश्मीर के उड़ी में हुए आतंकी हमले के बाद से दोनों देशों के बीच सीमा पर तनाव बना हुआ है. दोनों देशों की ओर से तीखे और भड़काऊ बयान दिए गए हैं. भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस तरह का संकेत दिया था कि भारतीय सेना कार्रवाई कर सकती है. बीते रविवार अपने नियमित कार्यक्रम 'मन की बात' में कहा था कि सेना बोलती नहीं है, कार्रवाई करती है. उन्होंने कहा था, "देश को अपनी सेना पर गर्व है. नेताओं और जनता को बोलने के बहुत मौके मिलते हैं और वे बोलते भी हैं. सेना बोलती नहीं है, कार्रवाई करती है. शौर्य दिखाती है."

पाकिस्तानी सेना की ओर से भी इस तरह के बयान आए थे कि वे किसी भी तरह के हालात का सामना करने के लिए तैयार हैं. पाकिस्तानी सेना के प्रमुख जनरल राहील शरीफ की अध्यक्षता में बीते हफ्ते कोर कमांडरों की बैठक हुई थी. इस बैठक के बाद पाक सेना के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल असीम सलीम बाजवा ने कहा, "हम पूर्वी सीमा पर हर हरकत पर नजर बनाए हुए हैं और जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं."

वीके/एके (रॉयटर्स)

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